विदेश मंत्री एस जयशंकर ने रूस के साथ एस-400 डील के संबंध में पूछे गए
सवाल पर अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पॉम्पियो से साफ कह दिया है कि भारत कोई
भी फैसला राष्ट्रहित देखकर ही करेगा। बता दें कि विदेश मंत्री एस जयशंकर
और पॉम्पियो की ये पहली इस स्तर की बातचीत थी।
मीटिंग के बाद दोनों विदेश मंत्रियों ने संयुक्त प्रेस वार्ता को संबोधित
किया। जिसमें अमेरिकी विदेश मंत्री ने कहा कि भारत अमेरिका का महत्वपूर्ण
साझेदार है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंध नई ऊंचाइयों
को छू रहे हैं।
इस दौरान जब विदेश मंत्री एस जयशंकर से रूस के साथ हुई एस-400 डील को
लेकर सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा, ‘हमारे कई देशों के साथ संबंध हैं…
उनका अपना इतिहास है। हम वही करेंगे जो राष्ट्रहित में होगा।’
उन्होंने कहा कि भारत और अमेरिका के संबंध सहयोग पर आधारित हैं। इस
दौरान दोनों देशों के बीच ऊर्जा सुरक्षा, प्रवासी और आतंकवाद जैसे मुद्दों
पर चर्चा हुई।
आतंकवाद के मुद्दे पर जयशंकर ने ट्रंप प्रशासन के समर्थन की खूब तारीफ
की। मंगलवार रात को भारत आए पॉम्पियो ने बुधवार सुबह पीएम मोदी से बात की
थी। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच भारत और अमेरिका के हित के कई मुद्दों पर
चर्चा हुई।
जी-20 समिट के दौरान पीएम मोदी और ट्रंप के बीच होने वाली बातचीत से
पहले पॉम्पियो का यह दौरा काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बता दें कि
जापान के ओसाका में पीएम मोदी 28-29 जनवरी को जी-20 समिट में हिस्सा लेंगे।